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अंकुश शास्त्री

जन्मकुंडली के अध्ययन, वास्तु परामर्श तथा वैदिक और तांत्रिक परंपराओं से जुड़े आध्यात्मिक कार्यों के लिए समर्पित ज्ञान मंच।

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आवास, कार्यालय, व्यवसायिक स्थान एवं अन्य उपयोगी स्थलों के लिए वास्तु शास्त्र से संबंधित परामर्श और मार्गदर्शन। पारंपरिक वास्तु सिद्धांतों के आधार पर स्थान की संरचना, दिशा और उपयोग से जुड़े विषयों पर मार्गदर्शन प्रदान किया जाता है।

वास्तु पुरुष पूजास्थान एवं दिशा परामर्शगृह एवं कार्यालय वास्तु
ONLINE • PUJA • ANUSHTHAN

ऑनलाइन पूजा एवं धार्मिक अनुष्ठान

ONLINE PUJA • VIDEO CALL • PERSONAL SCHEDULE

घर बैठे विधिपूर्वक ऑनलाइन पूजा

भारत तथा विदेशों में रहने वाले श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित समय पर व्यक्तिगत रूप से वीडियो कॉल के माध्यम से ऑनलाइन पूजा एवं धार्मिक अनुष्ठान की सुविधा।

01 • संपर्कपहले WhatsApp/फोन पर पूजा की आवश्यकता और समय पर चर्चा करें।
02 • सामग्रीपूजा से पहले आवश्यक सामग्री की सूची और तैयारी की जानकारी दी जाएगी।
03 • मार्गदर्शनअपनी शंकाएँ पूछें और पूजा की विधि एवं तैयारी को समझें।
04 • Video Callनिर्धारित समय पर व्यक्तिगत वीडियो कॉल के माध्यम से पूजन कराया जाएगा।
श्री दुर्गा पूजा
श्री दुर्गा सप्तशती पाठ
सतचंडी अनुष्ठान
श्री महामृत्युंजय मंत्र जाप
श्री नवग्रह शांति अनुष्ठान
रुद्राभिषेक
शिवरात्रि पूजन
लक्ष्मी पूजन
धनतेरस पूजन
दीपावली पूजन
नवरात्रि विशेष अनुष्ठान
अन्य विशेष पूजा

पूजन से पहले ऑनलाइन पूजा संबंधी प्रारंभिक जानकारी एवं मार्गदर्शन के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाता। पहले जानकारी लें, अपनी शंकाएँ दूर करें और पूरी तरह संतुष्ट होकर ही पूजा निर्धारित करें।

आपका पूजन व्यक्तिगत रूप से निर्धारित समय पर कराया जाएगा।
पूजा को किसी सामूहिक ऑनलाइन सत्र के रूप में नहीं कराया जाएगा। आपका निर्धारित समय विशेष रूप से आपके पूजन के लिए रखा जाएगा और पूजा वीडियो कॉल के माध्यम से व्यक्तिगत रूप से संपन्न कराई जाएगी।भारत • अमेरिका • दुबई • लंदन • कनाडा • सिंगापुर • इंडोनेशिया (बाली) एवं अन्य स्थानों से संपर्क किया जा सकता है।
WhatsApp पर प्रारंभिक जानकारी लें

एवं सभी प्रकार के ऑनलाइन पूजा एवं धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कराते हैं।

आध्यात्मिक सेवाएं

तांत्रिक एवं वैदिक अनुष्ठान

प्रमुख आध्यात्मिक परंपराओं और विधिपूर्वक किए जाने वाले धार्मिक अनुष्ठानों से संबंधित जानकारी एवं मार्गदर्शन।

माँ बगलामुखी
TANTRA • UPASANA

श्री बगलामुखी देवी जी का तांत्रिक अनुष्ठान

श्री बगलामुखी देवी का तांत्रिक अनुष्ठान कार्यसिद्धि, जीवन में आने वाली बाधाओं के निवारण तथा कठिन परिस्थितियों में आध्यात्मिक संबल और मार्गदर्शन की भावना से विधिपूर्वक किया जाता है। मंत्र-जप, पूजन एवं अनुष्ठान की परंपराओं में देवी की उपासना का विशेष महत्व माना जाता है।

बटुक भैरव
TANTRA • BHAIRAVA UPASANA

श्री बटुक भैरव जी का तांत्रिक अनुष्ठान

बटुक भैरव भगवान की उपासना परंपरा में संरक्षण, बाधा-निवारण, आध्यात्मिक शक्ति तथा जीवन में स्थिरता की कामना से विशेष अनुष्ठान किए जाते हैं। मंत्र-जप, पूजन एवं विधिपूर्वक साधना के माध्यम से भगवान बटुक भैरव की कृपा प्राप्ति की भावना रखी जाती है।

श्री दुर्गा
DEVI • CHANDI ANUSHTHAN

श्री दुर्गा सप्तशती एवं चंडी अनुष्ठान

श्री दुर्गा सप्तशती की परंपरा में देवी उपासना, शक्ति-आराधना और मंगलकामना के लिए विधिपूर्वक पाठ एवं यज्ञीय अनुष्ठान किए जाते हैं। शतचंडी यज्ञ और सहस्रचंडी यज्ञ इसी परंपरा के प्रमुख अनुष्ठानिक रूपों में प्रस्तुत किए जा सकते हैं।

शतचंडी यज्ञसहस्रचंडी यज्ञ
शिव परिवार
SHIVA • PARIVAR

शिव परिवार एवं रुद्र संबंधी अनुष्ठान

भगवान शिव, माता पार्वती और शिव परिवार की उपासना में रुद्राभिषेक, मंत्र-जप, पूजन तथा अन्य वैदिक धार्मिक अनुष्ठानों का विशेष स्थान माना जाता है। श्रद्धा, शांति और आध्यात्मिक कल्याण की भावना से विधिपूर्वक अनुष्ठान संपन्न किए जाते हैं।

श्री महामृत्युंजय मंत्र जाप

प्रमुख वैदिक कर्मकांड एवं यज्ञ

VEDIC RITUALS • YAGYA • ANUSHTHAN
वास्तु पुरुष पूजाश्री नवग्रह शांति अनुष्ठानसतचंडी यज्ञश्री रूद्रचंडी यज्ञश्री महामृत्युंजय मंत्र जाप अनुष्ठानश्री विष्णु महायज्ञ

एवं सभी प्रकार के वैदिक एवं तांत्रिक अनुष्ठान संपन्न कराते हैं।

PERSONAL • PHOTO GALLERY

पूजा एवं अनुष्ठान — फोटो गैलरी

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Tuesday, 27 October 2026

धनतेरस, नरक चतुर्दशी, दीपावली और अन्नकूट पूजा नवंबर 2026 में कब है? जानिए तिथि, तारीख और शुभ मुहूर्त

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धनतेरस, नरक चतुर्दशी, दीपावली और अन्नकूट पूजा कब है? जानिए तिथि, तारीख और शुभ मुहूर्त

धनतेरस से अन्नकूट तक सभी पर्वों की तिथि, प्रारंभ एवं समाप्ति का समय और महत्वपूर्ण पूजन मुहूर्त की संपूर्ण जानकारी

🌺 धनतेरस से अन्नकूट तक कौन-सा पर्व किस तारीख को मनाया जाएगा? धनतेरस पर धन्वंतरि पूजन और यमदीपदान कब करें? नरक चतुर्दशी कब है? दीपावली पर लक्ष्मी-गणेश पूजन का शुभ मुहूर्त कब है? गोवर्धन पूजा और अन्नकूट किस दिन होगा?

इस लेख में तिथि के प्रारंभ और समाप्ति का समय, पर्व की तारीख और महत्वपूर्ण पूजन मुहूर्त को सरल भाषा में स्पष्ट किया गया है, ताकि किसी भी प्रकार का भ्रम न रहे।
🪔🌺 धनतेरस से अन्नकूट तक — पूरा क्रम बिल्कुल सरल भाषा में 🌺🪔
🪔 6 नवंबर 2026 — धनतेरस
कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी
➡️ त्रयोदशी प्रारंभ: 6 नवंबर
➡️ त्रयोदशी समाप्त: 7 नवंबर प्रातः
➡️ इसके बाद: चतुर्दशी तिथि प्रारंभ
🌺 मुख्य पर्व: धनतेरस, धन्वंतरि पूजन एवं यमदीपदान।

📖 धन्वंतरि पूजन, यमदीपदान और धनतेरस के विशेष पूजन-विधि की विस्तृत जानकारी हमारी इसी वेबसाइट पर अगले पोस्ट में दी जाएगी।
🕯️ 7 नवंबर 2026 — नरक चतुर्दशी
कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी
➡️ चतुर्दशी प्रारंभ: 7 नवंबर प्रातः
➡️ चतुर्दशी समाप्त: 8 नवंबर प्रातः
➡️ इसके बाद: अमावस्या तिथि प्रारंभ
🌺 मुख्य पर्व: नरक चतुर्दशी एवं छोटी दीपावली।

📖 नरक चतुर्दशी, अभ्यंग स्नान, दीपदान और इस दिन किए जाने वाले प्रमुख धार्मिक कर्मों की पूरी जानकारी हमारी इसी वेबसाइट पर अगले पोस्ट में विस्तार से दी जाएगी।
🪔 8 नवंबर 2026 — दीपावली
कार्तिक अमावस्या
➡️ अमावस्या प्रारंभ: 8 नवंबर प्रातः
➡️ अमावस्या समाप्त: 9 नवंबर दोपहर
➡️ इसके बाद: शुक्ल प्रतिपदा प्रारंभ
🌺 मुख्य पर्व: दीपावली, महालक्ष्मी-गणेश पूजन।

⭐ विशेष: दीपावली पर लक्ष्मी पूजन के लिए प्रदोषकाल तथा स्थिर लग्न का विशेष महत्व माना जाता है। इसका सटीक पूजन मुहूर्त और लग्न अलग से विस्तारपूर्वक बताया जाएगा।

📖 लक्ष्मी-गणेश पूजन-विधि, पूजन सामग्री, प्रदोषकाल तथा स्थिर लग्न में पूजा के महत्व की पूरी जानकारी हमारी इसी वेबसाइट पर अगले पोस्ट में विस्तार से दी जाएगी।
🌿 9 नवंबर 2026 — गोवर्धन पूजा एवं अन्नकूट
कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा
➡️ प्रतिपदा प्रारंभ: 9 नवंबर दोपहर
➡️ प्रतिपदा समाप्त: 10 नवंबर दोपहर
➡️ इसके बाद: द्वितीया प्रारंभ
🌺 मुख्य पर्व: गोवर्धन पूजा एवं अन्नकूट।

📌 विशेष पंचांग निर्णय: काशी विश्वनाथ पंचांग में 9 नवंबर को पूरे भारत के लिए गोवर्धन पूजा का उल्लेख है, जबकि 10 नवंबर को काशी के लिए विशेष निर्णय भी दिया गया है।

📖 गोवर्धन पूजा, अन्नकूट भोग, पूजा-विधि और विभिन्न पंचांगों के निर्णय की विस्तृत जानकारी हमारी इसी वेबसाइट पर अगले पोस्ट में विस्तार से दी जाएगी।

🔱🏞️ काशी के लिए विशेष पंचांग निर्णय 🏞️🔱

काशी विश्वनाथ पंचांग में 10 नवंबर 2026 को काशी क्षेत्र के लिए गोवर्धन पूजा का विशेष निर्णय भी दिया गया है।

उस दिन दोपहर तक कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा विद्यमान रहेगी।

🇮🇳 पूरे भारत — 9 नवंबर 2026
🔱 काशी — 10 नवंबर 2026
📜🌺 तिथि का पूरा क्रम — बिल्कुल सरल भाषा में 🌺📜
🪔 6 नवंबर — त्रयोदशी → धनतेरस
↓
🕯️ 7 नवंबर — चतुर्दशी → नरक चतुर्दशी
↓
🪔 8 नवंबर — अमावस्या → दीपावली
↓
🌿 9 नवंबर — शुक्ल प्रतिपदा → गोवर्धन पूजा एवं अन्नकूट
↓
🌺 10 नवंबर — प्रतिपदा समाप्त → द्वितीया प्रारंभ
🌺 अब विस्तार से जानिए 🌺
ऊपर हमने आपको धनतेरस से अन्नकूट तक पूरा क्रम केवल कुछ पंक्तियों में समझा दिया है। अब नीचे प्रत्येक पर्व की तिथि, मुहूर्त, धार्मिक महत्व और आवश्यक जानकारी विस्तार से दी जाएगी।
🔔 विशेष सूचना 🔔
तिथि और पर्व की तारीख में अंतर समझना बहुत आवश्यक है।

किसी तिथि का प्रारंभ एक तारीख को हो सकता है और उसका समापन अगली तारीख को। इसलिए केवल कैलेंडर की तारीख देखकर पर्व का निर्णय नहीं करना चाहिए।

विशेषकर दीपावली और गोवर्धन पूजा 2026 में तिथि को लेकर भ्रम हो सकता है। इसी कारण इस लेख में तिथि के प्रारंभ और समाप्ति दोनों समय को स्पष्ट रूप से बताया गया है।

हमारा उद्देश्य है कि आपको धनतेरस से अन्नकूट तक प्रत्येक पर्व की सही तारीख और तिथि की जानकारी सरल भाषा में एक ही स्थान पर मिल जाए।
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प्रस्तुत करता

कुंडली विशेषज्ञ - अंकुश शास्त्री

और अधिक जानकारी पाने के लिए हमारे वेबसाइट में विजिट करें

🌐 www.vaidiktantrikgyan.com

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